String of pearls

String of pearls –

String of pearls“स्ट्रिंग ऑफ पर्ल्स चीन की कोई औपचारिक नीति न होकर वैश्विक समुदाय द्वारा दिया गया नाम है। इसे  विशेषकर भारत को चीन द्वारा चारों तरफ से घेरने की रणनीति के रूप में देखा जाता है। चीन द्वारा  भूराजनीतिक प्रभाव बढ़ाने के लिये बंदरगाहो आदि तक पहुंच विशेष कूटनीतिक संबंध विकसित करना एवं सैन्य बलों को आधुनिकीकृत करके भारत को घेरने क प्रयास के रूप मे इसे देखा जा रहा है। भारत के चारो और चीन कई स्थानों पर अपनी सैन्य पहुँच बनायी है। जैसे – वियतनाम के पास पार्सेल अर्चिपेलेगो में बूडी द्वीप पर आधुनिकीकृत हवाई पट्टी, म्यांगर में सितवे बंदरगाह, पाकिस्तान में ग्वादर बंदरगाह, बांग्लादेश में चिटगाँव बरगाह एवं श्रीलंका में हवनटोटा बंदरगाह पर चीन द्वारा सैन्य पहुंच चीन की string f Pearls plicy का ही भाग है। इससे अमेरिका, जापान भारत एवं आसियान समूह द्वारा चीन को चाइना  भ्रैट”या ड्रैगन राइज” के रूप में लिया जा रहा है। ही में हिंद महासागर में भारत पर नजर रखने के लिये चीन ने सेशेल्स में भी अड्डा स्थापित किया है।

, String of pearls नीति का क्रियान्वित करने के लिए चीन ने विभिन्न देशी के साथ कूटनीतिज्ञा राजनैतिक, सामाजिक संबंधों का विस्तार किया है। चीन ने म्यांमार में अपना प्रभाव स्थापित करने तथा भारत के लिये string of pearls  के तहत म्यांमार को एक मोती रूप में स्थापित करने के लिये सितवे बंदरगाह, कोको द्वीप में निवेश किया है। कोको आइलैण्ड भारत के अण्डमान निकोबार आइलैण्ड से 18 किमी० दूर स्थित है वहीं चीन ने Electronic Intelligence   स्थापित किया है। इसके द्वारा चीन भारत मिसाइल परीक्षण सहित अन्य सैन्य गतिविधियों पर नजर रख सकेगा | चीन सितवे में नौसैनिक अड्डा स्थापित किया है।यह भारत के कोलकाता शहर एवम महत्वपूर्ण  कोलकाता  बंदरगाह के समीप है। चीन भारत को घेरने के लिए पाकिस्तान के साथ मिलकर रणनीतिक भागीदारी का विकास कर रहा है। बलूचिस्तान एवं पंजाब में खदानों की खुदाई, व बंदरगाह की समुन्नता बनाने कश्मीर के उत्तरी क्षेत्रों में पलविबजली परियोजना, पंजाब (पाकिस्तान में तेल और गैस की खोज में योगदान दे रहा है।
यह भारत के कोलकाता शहर एवं महत्वपूर्ण कोलकाता बदरगाह के समीप है।

चीन श्रीलंका के साथ अवसंरचना निर्माण रक्षा, सहयोग एवं विशेष सामरिक भागीदारी के द्वारा भारत को घरने का प्रयास कर रहा है। दक्षिण श्रीलंका के हम्बनटोटा में चीन ने आधुनिक बंदरगाह का शिलान्यास अक्टूबर 2007 में किया  । चीन श्रीलंका को अनुदान एवं कम ब्याज पर लक्षण देकर तथा साथ ही श्रीलंका से अवसंरचना के क्षेत्र में अनुबंध प्राप्त कर सामरिक पहुंच का विकास कर भारत को घेरने की दूरगामी रणनीति पर काम कर रहा है।